प्रेरित 7:51 - राना थारु नयाँ नियम51 ए हठी आदमी तुम, बाको बात माननके और सुनन्से इन्कार करत हओ, तुम रोजए पबित्र आत्माके बिरोध करत हओ। जैसे तुमर पुर्खा करत रहएं। Viz kapitolaपरमेस्वर को सच्चो वचन51 “तुम कित्ते जिद्दी हौ!” कहनै मैं स्तिफनुस चले गौ। “तुम अपने मन कै कित्तो पवित्र करथौ, तुम परमेस्वर के संदेस मैं कित्ते ध्यान देनबारे हौ! तुम अपने पुरखन के हानी हौ: तुम हमेसा पवित्र आत्मा को बिरोध करे हौ! Viz kapitola |