प्रेरित 22:6 - राना थारु नयाँ नियम6 “मिर यात्रामे दमस्कस सहरमे पुगनतक लगभग दुपहार हुइगओ रहए, अचानक स्वर्गसे एक बाणी ज्योति मिर चारौ तरफ चमको, Viz kapitolaपरमेस्वर को सच्चो वचन6 “जब मैं सफर करकै दमिस्क के झोने पहोंचो, तौ ऐसो भौ कि दुपारी मैं अनकाचीति से एक बड़ो उजियारो आसमान से मेरे चारौ घाँईं चमको। Viz kapitola |