१ कोरिन्थी 14:25 - दङ्गौरा थारू25 हुँकन्हक मनक बात प्रकट हुहीन, ओ आपन शिर झुकाक “टुन्हक बीचम परमेश्वर बाट” कटी परमेश्वरक आराधना करहीँ। Viz kapitolaदेउखरिया थारु25 परमेश्वरके सन्देशके कारण उहिहे अपन खराब काम और ओकर गोप्यमे रहल सोँचके बारेमे महसुस हुइहिस। तब उहिहे महसुस हुइहिस कि ऊ पापी बा, तब ऊ अपन मन परमेश्वरके ओहोँर घुमाई और पाप करना छोरदी। और ऊ परमेश्वरके आराधना कर्ती कहि “परमेश्वर जात्तिकमे यहाँ तुहुरिन्के बिच्चेम बताँ।” Viz kapitola |