प्रकाशितवाक्य 3:15 - सिरमौरी नौवाँ नियम15 हांव तैरै कामौ खै जाणुए, कै तू ना तौ मुं पांदी आपणै बिशवाश शै मुकरे औरौ ना ही मुखै पूरै मन शै प्यार कौरे। हांव चोऊं कै तू मैरा इन्कार कौरे दै या मुंआरी पूरै मन शै प्यार कौर। Viz kapitolaSirmouri15 “हाँव तेरे काँम-काज़ जाँणू ऐ, के तू ना तअ शैल़ा अरह् ना ताता: भलो होंदो के तू ताता के शैल़ा हंईदा। Viz kapitola |