प्रकाशितवाक्य 10:7 - सिरमौरी नौवाँ नियम7 यानी सातवें स्वर्गदूतौ कै शब्द दैणौ कै दूसौ दै, जोबै सै तुरही फूंकणौ पांदी हौंदा, तौ पौरमेशवर कै सैजी योजना पोरे हौए जांदी जू तैणै तिनु पौरमेशवर कै बातौ बौताणौवाल़ै खै बौताए राए थै जू तैसकै सेवा कौरौ थिए पौरौ ओकी लोगौ खै ना बौताई। Viz kapitolaSirmouri7 परह् सात्तवें स्वर्गदूत्त के रंणशिंगें-कनाँल़ी फुकर्णो लई जुण्जा गूँह्ज के देसो दा पंण्मिश्वर आप्णें मंन दे चुप्पीं के पलाँण पुरा करला, जिन्दें की घोष्णाँ तिन्ऐं आप्णें दास-सेवकों अरह् ऋषियों कैई करी।” Viz kapitola |