प्रकाशितवाक्य 1:10 - सिरमौरी नौवाँ नियम10 विशांव कै दूसै पवित्र आत्मा मुं पांदी ओऊवा, मोऐं तुरही कै आवाज़ जैशणै ऐक ऊंची आवाज़ आपणै पाछैदै आन्दै बैई शौणै, Viz kapitolaSirmouri10 हाँव प्रभू के देसे पबित्र-आत्त्मा दा भरा गुवा, अरह् आपु पाछी मुँऐ रंणशिंगें-कनाँल़ी के जेऐ बड़ी गूँह्ज शुँणाँई पड़ी। Viz kapitola |