प्रकाशितवाक्य 7:12 - Sirmouri12 “आमीन! अमाँरें पंण्मिश्वर के स्तुति अरह् बड़ियाऐं अरह् ज्ञाँन अरह् धन्यबाद अरह् आदर अरह् पराकर्म अरह् शक्त्ति ज़ूगौ-ज़ूगौ तोड़ी बंणी रंह्। आमीन!” Viz kapitolaसिरमौरी नौवाँ नियम12 तिनुऐ बौल़ौ, आमीन, “अमारै पौरमेशवर, आमै हमैशा तैरी महिमा कौरु, ताखै धन्यवाद औरौ आदर दियु! आमै मानुए कै तू पूरा ज्ञानवान औसौ, औरौ शौकतीशाली औसौ, जू हमैशा कारिए सौबी कामौ कै कौरणौ कै लायक औसौ! आमीन।” Viz kapitola |