प्रकाशितवाक्य 16:2 - Sirmouri2 ईन्देंखे आगले स्वर्गदूत्त ऐ ज़ाऐयों आप्णा बैलुवा धर्ती गाशी पेरी दिता। जिन्दें का नंतिजा ऐजा हुवा, तिनू आदमी ऐ, जिनू गाशी तेथू खराब-खाऊरे बुँणेंरो की छाप-मुँहर थी, अरह् जुण्जे तेथू खाऊरे बुँणेंरो की मुर्ती के पूजा करह् थिऐ, तिन्दे फोड़े-दु:ख्णें फाटे। Viz kapitolaसिरमौरी नौवाँ नियम2 इथकारिए आगलै स्वर्गदूतै जू तैसकै डौंगै दो थियु सैजौ धोरती पांदी रिताए दियु। तोबै तिनु लोगौ खै जिनुपांदी राकस कै छाप थै या जिनुवै तैसकै मूर्ति कै पूजा कौरे राए थै, तिनु लोगौ पांदी दर्दनाक औरौ खतरनाक फोड़े निकल़ै। Viz kapitola |