रोमियो 6:19 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान19 हुंह लिखा तम्हां लै एऊ साबै ज़ुंण आम लोग समझ़ी सका। पैहलै तै तम्हैं आपणैं दिला मनें गुलाम और तम्हैं की सोभै छ़ोतली और बूरी गल्ला। पर ऐबै करा तिहै काम ज़िहअ परमेशर करा ताकि सह तम्हां पबित्र करी करै आप्पू लै ज़ुदै करी सके। Viz kapitolaकुल्वी19 हांऊँ तुसाबै ऐण्ढी तैरहा लिखा सा ताकि आम आदमी बी आसानी सैंघै समझी सकलै, कि ज़ैण्ढै तुसै पैहलै आपणी इच्छा रै गुलाम ती होर तुसै हर किस्मै रै छ़ोतले होर बुरै कोम केरा ती, पर ऐबै तुसै आपणै शरीरा रै औंगा बै पवित्रता री तैंईंयैं धार्मिकता रै गुलाम बणिया परमेश्वरा बै सौंपा। Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम19 हाऊं थारे शरीरा री कमजोरी री बजा का मणशा री रीति रे सावे बोला, जेहडा तमे आपणे अंग अशुद्ध कुकर्मा रे नोकर बणाई थी तेहडे ही तमे आपणे शरीरा रे अंगा पवित्र धार्मिकता कामा वै देया। Viz kapitola |