रोमियो 1:25 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान25 किल्हैकि तिन्नैं बणांअ परमेशरो सत्त बदल़ी करै झ़ुठअ; और तिन्नैं की परमेशरे बणांईं दी च़िज़े भगती और सेऊआ नां कि तेऊ सृष्टी करनै आल़ै परमेशरे सेऊआ की ज़ुंण सोभी बणांणैं आल़अ आसा और ज़सरी हाम्हां सदा ज़ै-ज़ैकार लागा करनी। तथास्तू। (यिर्मयाह 13:25; 16:19) Viz kapitolaकुल्वी25 किबैकि तिन्हैं परमेश्वरा रै बारै न सच़ाई बै बदलिया झ़ूठ बणाऊ होर, होर तिन्हैं री सृष्टि री आराधना होर सेवा केरी, न कि तेई सृजनहार परमेश्वरै री ज़ुणियै सैभ किछ़ बणाऊ ज़ो हमेशा प्रशंसा केरनै रै लायक सा! आमीन। Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम25 किबेकि त्याह परमेश्वरा री सच्ची गल्ला झूठी बणाई होर सृष्टि री पूजा करदे लागे, ना की तेऊरी जोह बणाउण आलअ जोह सदा धन्य साहा। Viz kapitola |