प्रकाशितवाक्य 6:7 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान7 ज़ांऊं तेऊ च़ौथी मोहर खोल्ही ता मंऐं शूणअ च़ौथअ प्राणीं इहअ बोल बोलदअ, “एछ!” Viz kapitolaकुल्वी7 होर ज़ैबै तेइयै च़ोऊथी मोहर खोली ता मैं च़ोऊथै प्राणी रा शब्द ऐण्ढा बोलदै शुणू, “एज़।” Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम7 जेबा तेऊ च़उथी मोहर खोली, तेबा मांई च़ऊथे प्राणी रे यह शब्द यह बोलदअ शूणू। Viz kapitola |