प्रकाशितवाक्य 3:19 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान19 हुंह ज़हा-ज़हा संघै झ़ूरी डाहा, तिन्नां लै दैआ हुंह नैरनीं समझ़ाऊंणी और बी। तैहीता ऐबै कर भलअ और आपणैं मना बदल़। (सैणीं गल्ला 3:12) Viz kapitolaकुल्वी19 “हांऊँ ज़ुणी-ज़ुणी सैंघै झ़ुरी रखा सा तिन्हां सैभी बै झिड़का सा होर ताड़ना देआ सा। तैबै सही केरनै री तैंईंयैं उत्साहित हो होर मना बै बदल। Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम19 हाऊं ज़ासु-ज़ासु का प्रेम करा, त्याह सभी वै उलाहना, होर ताडना दिंदा, तेबा की जोशील होए होर मना बदले। Viz kapitola |