प्रकाशितवाक्य 2:8 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान8 “स्मूरना नगरी दी विश्वासी मंडल़ीए स्वर्ग दूता लै लिख इहअ समाद, “ज़ुंण आदी और अंत आसा, ज़ुंण मरी त गअ द और ऐबै आसा गअ द ज़िऊंदअ हई; सह बोला इहअ, (प्रगट की दी गल्ला 1:17-18) Viz kapitolaकुल्वी8 स्मरुना शैहरा री मण्डली रै स्वर्गदूता बै ऐ सन्देश लिख, “ज़ो पैहला होर आखरी सा, हांऊँ मूँआ ती। पर ऐबै हांऊँ ज़िन्दा सा, हांऊँ ज़ो बोला सा तेइबै शुण। Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम8 स्मुरना री कलीसिया रे स्वर्गदूता बे यह सन्देश लिख, जोह पहिले होर आखरी साहा होर मुंअ, होर एवा जिऊंदअ होऊ, सह एडा बोला कि Viz kapitola |