प्रकाशितवाक्य 17:16 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान16 ज़ुंण दस शींग तंऐं भाल़ै, तिन्नां और पशू करनी तेसा कंज़री संघै ज़ीद और सह करनी तिन्नां लाच़ार और नांगी; और तिन्नां खाणअ तेसो मास और सह पाणीं तिन्नां आगी जैंदरी दहई। Viz kapitolaकुल्वी16 होर ज़ो दस शींग तैं हेरै, तिन्हां होर पशु तेसा वेश्या सैंघै बैर रखणा होर सौ लाचार होर नाँगी केरनी होर तेसरा माँस खाँणा होर सौ औगी न फुकणी। Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम16 होर जोह दस शिंग ताए हेरी, त्याह होर जानबरा तेसा वेटडी का झगड़ा करना होर सह नैगी करनी, होर तेसका शरीर खाणा, होर सह आगी में पाऊणी। Viz kapitola |