प्रकाशितवाक्य 13:13 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान13 सह दुजअ पशू बी रहैऊआ त बडै-बडै नछ़ैण और च़मत्कार, इधी तैणीं कि लोगे आछी सम्हनै बरशाऊआ त सह सरगा का पृथूई दी आग बी। (1 राज़ा 18:24-29) Viz kapitolaकुल्वी13 होर बड़ै-बड़ै नशाण रिहा ती, औखै तैंईंयैं कि मांहणु रै सामनै सर्गा न धौरती पैंधै औग बरसा ती। Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम13 सह बडे चिन्ह चमत्कार रीहाऊदा थी अखे तणी की मणशा रे सामने स्वर्गा का धरती का मणशा रे सामने आग बरसाऊदा थी। Viz kapitola |