प्रकाशितवाक्य 12:3 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान3 तेखअ शुझुअ स्वर्गा दी एक होर नछ़ैण, हेरा, मुखा शुझुअ कि एक बडी दानअ आसा, तेसे तै सात मूंड और दस शींग, और तेसे मुंडै तै सात राज़ मुगट। Viz kapitolaकुल्वी3 तैबै एक होर नशाण सर्गा न हेरुआ होर हेरा, एक बड़ा लाल अजगर ज़ो शैतान सा ज़ौसरी सौत मुँडी होर दस शींग ती होर तेइरी मुँडी पैंधै सौत राज़मुकट ती। Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम3 होर एक होर चिन्ह माए सरगे हेरू, एक बडअ लाल अजगर सर्फ थी ज़ासके सात मुड़ होर दस शिंग थी, होर तेऊरे मुडा में सात राजमुकट थी। Viz kapitola |