फिलिप्पी 4:5 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान5 सोभी लोगा का लोल़ी शुझुअ कि तम्हैं आसा हर गल्ला दी झणैल़ू। एसा गल्ला डाहै आद कि प्रभू एछणअ छ़ेकै फिरी। Viz kapitolaकुल्वी5 तुसै री कोमलता तुसा सैभी मांहणु पैंधै प्रगट हो किबैकि प्रभु रा ऐणा नेड़ सा। Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम5 थारी कोमलता मणशा परेदे प्रगट हो। प्रभु नड़े साहा। Viz kapitola |