फिलिप्पी 1:9 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान9 हुंह करा एही प्राथणां कि तम्हैं एकी दुजै लै झ़ूरी, ज्ञैन और सोभी रंगे सोर-समझ़ा दी होर बी बझ़दै लागे। Viz kapitolaकुल्वी9 होर हांऊँ ऐ प्रार्थना केरा सा, कि तुसरा एकी दुज़ै री तैंईंयैं झ़ुरी, ज्ञान होर सैभी किस्मा री समझ़ भी बढ़दी रौहै। Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम9 हाऊं यह प्रार्थना करा कि थारा प्रेम, ज्ञान होर सभी तरहा रे विवेक सहित होर भी बढ़दअ रहे, Viz kapitola |