फिलिप्पी 1:17 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान17 ज़ुंण सिधै मनैं निं आथी पर, तिंयां खोज़ा मुंह संघै ज़ीद डाही मसीहे कथ्या, इहअ सोठी करै कि मेरी कैद खानै दी तिंयां मुल्है सांगट पैईदा करे। Viz kapitolaकुल्वी17 ज़ो लोका जलन केरिया सच़ै मने नैंई पर बरोध केरिया मसीह रै बारै न प्रचार केरा सी, ऐ सोचिया कि ज़ैबै हांऊँ जेला न सा ता मुँभै होर दुःख मिलला। Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम17 होर कई एक तअ सिधाई का नांई पर बिरोधा का मसीहा री कथा शुणाउंदा, यह सोची करे कि मेरी कैदा में महा वे क्लेश पैदा करे। Viz kapitola |