फिलमोन 1:22 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान22 एक गल्ल आसा होर कि ज़ेभै हुंह तेरै घरै एछे तेभा लै डाहै मुल्है एक पांड ज़ुदी, मुंह आसा एही आशा कि थारी प्राथणां करै जाणअ हुंह कैद खानै का छ़ुटी करै तम्हां सेटा लै एछी। Viz kapitolaकुल्वी22 होर एक होर गैल सा कि मेरै रौहणै तैंईंयैं आपणै घौरा न एक कमरा त्यार रखा। मुँभै आशा सा कि प्रार्थना रै ज़रियै हांऊँ तुसाबै देइणा। Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम22 होर यह भी की महा वे वैशणे वै जागाह त्यार डाहे करी, महा आशा साहा की थारी प्रार्थना संघा हाऊं तमा वै छाडी दीण। Viz kapitola |