मरकुस 1:44 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान44 “हेरे, एसा गल्ला निं होरी कोही का खोज़ी। हाँ, परोहिता सेटा डेऊई एछ आप्पू रहैऊई और कोल़्हे बमारी का शुचै हणें बारै ज़ुंण बधान परमेशरे गूर मुसा आसा खोज़अ द तेऊ साबै दै भैंट, ताकि तिंयां भाल़े कि तूह गअ कोल़्हे बमारी का शुचअ हई।” (लेबी बधान 14:1-32) Viz kapitolaकुल्वी44 होर तेइबै बोलू, “हेर, कौसी बै किछ़ हेरी दैसदा, पर यरुश्लेम जाईया आपणै आपा बै पुरोहिता बै रिहाई, होर आपु बै च़ोखै होंणै रै बारै न ज़ो किछ़ बिधाना न मूसै ठहराऊ ती, तेई भेंट च़ढ़ा कि तिन्हां लोका बै पता च़लला कि तू कोढ़ा न ठीक हुआ सा।” Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम44 होर तेऊये बोलू, हेर, कासी कै किछे नांई बोले, आपे नाशी करे याजका सेटा रिहाये होर आपणे शुद्ध हूणे रे बारे में जोह कुछ मूसा बलिदान चढ़ाई करे डाहुदा साहा तेउवे दान दे कि सह तेरे ठीक हुणे री गुआही त्या पेंदे होए। Viz kapitola |