मत्ती 5:19 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान19 “तैहीता ज़ुंण बी इना होछ़ै का होछ़ै हुकमा मनणा लै एकी दी बी गलती करे और तिहअ ई होरी का बी सखाओए सह हणअ स्वर्ग राज़ा दी सोभी का होछ़अ। पर ज़ुंण बी तिन्नां हुकमा मनें और तिन्नां होरी का बी सखाओए सह हणअ स्वर्ग राज़ा दी सोभी का महान। Viz kapitolaकुल्वी19 तैबै ज़ो इन्हां होछ़ै-होछ़ै हुक्मा न एकी बै भी नी मनला होर तैण्ढाऐ होरी बै भी सिखा सा, सौ स्वर्ग रै राज्य न सैभी न होछ़ा सा। पर ज़ुण तिन्हां हुक्म बै मना सा होर सिखा सा सौऐ स्वर्ग राज्य न सैभी न बड़ा सा। Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम19 एतकी तणी जोह कोई या होछी का होछी आज्ञा मज़ा का कासु एकी भी चोडे, होर तेडा ही लोका बे सखाए, तेऊबै स्वर्गा रे राज्य में सभी का होछअ बोलणा, पर जोह कोई त्याह आज्ञा रा पालन करलअ होर त्याह सखाउलअ, तेऊबै सरगा रे राज़ा में बडअ मनलअ। Viz kapitola |