मत्ती 26:61 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान61 खिरी बोलअ दूई ज़ण्हैं इहअ, “एऊ बोलअ इहअ कि अह सका एऊ परमेशरे मांदरा ढोल़ी और चिई धैल़ै भितरी सका भी बणांईं।” Viz kapitolaकुल्वी61 आखरी न दूई मांहणु एज़िया बोलू, हांऊँ परमेश्वरै रै मन्दिरा बै ढाई सका सा होर त्रा रोज़ा न बणाई सका सा। Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम61 होर बोलू, एउ बोलुदा कि हाऊं परमेश्वरा रे देहुरे ढोली सका होर तेऊ चीई धियाड़े में बणाई सका। Viz kapitola |