मत्ती 24:45 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान45 “इहअ भरोस्सै करनै जोगी और समझ़कार मणछ कुंण आसा ज़सरै मालकै सह होरी टैहलू लै कामां ढेऊंदअ और कामां कराऊंदअ शैहण बणांअ, ताकि तिन्नां लै रोटी पाणीं करे दैई? Viz kapitolaकुल्वी45 “विश्वासयोग्य होर बुद्धिमान नोकर कुण सा ज़ुण तेई मालकै आपणै नोकरा पैंधै प्रधान बणाऊ कि तिन्हां बै ठीक बौगता न रोटी देला? Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम45 पर सह बुशाह लायक होर बुद्धिमान नोकर कुण साहा, जो मालके आपणे नोकरा चाकरा रअ सरदार डाहू कि वक्ता पैंदे तयाबे रोटी दे? Viz kapitola |