मत्ती 24:40 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान40 तैहा घल़ी दूई ज़ण्हैं हणैं खेचै, तिन्नां मांझ़ै एक च़कणअ उझै और एक छ़ाडणअ तिधी। Viz kapitolaकुल्वी40 तेई बौगतै दूई लोका छेता न होंणै तिन्हां न एक नेइणा होर दुज़ा छ़ौड़ी देणा। Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम40 तेऊ वक्ते दुई मणश खेचे हूँणे, एक निणअं होर दूजअ छाडणअं। Viz kapitola |