मत्ती 24:35 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान35 सरग और पृथूई टल़णीं पर मंऐं ज़ुंण गल्ला बोली ईंयां हणीं सोभ पूरी। Viz kapitolaकुल्वी35 सर्ग होर धौरती नाश होंणै, पर मेरी गैला कैधी भी नाश नी होंणी। Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम35 सरग होर धरती टल़नी, पर मेरी गला कधी नांई टल़णी। Viz kapitola |