मत्ती 18:9 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान9 “ज़ै तेरी आछी का कई गल्ला भाल़ी तूह पाप करा, ता तिन्नां पापा दी पाणै आल़ी गल्ला भाल़णैं छ़ाड। च़ाऐ ताह सह पोर्ही किल्है निं पल़े काढणीं। कांणै हई करै आसा ज़िन्दगी लै डेऊणअ एता का राम्बल़अ कि दूई आछी रहंदी तूह नरके आगी दी पल़े। Viz kapitolaकुल्वी9 होर अगर तुसै ज़ो हेरा सी सौ तुसाबै पापा री बजहा बणा सा तिन्हां चीज़ा बै हेरना बंद केरा! दुई औछ़ी रखणी होर नरकी री औगी न शेटिणै न ता कांणै होईया परमेश्वरा रै राज्य न प्रवेश केरना भला सा।” Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम9 अगर तेरी आछ ताहबे ठोकर खलाए, तेबा तेसा काढी करे फैकी दे कांणअ होई कर जीबना मे प्रबेश करना ताहबे एताका भला साहा कि दुई आछी रहंदे भी तुह नरका री आगि में पाऊ लोडी। Viz kapitola |