मत्ती 10:19 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान19 ज़ेभै तिंयां तम्हां ढाके, तेभै निं तम्हैं एही फिकर करी कि हाम्हां किहअ करै बोल़णअ और किज़ै बोल़णअ? “ज़ुंण बी तम्हां तिधी बोल़णअ होए, सह हेरनअ तम्हां लै तेसा ई घल़ी तम्हां का पबित्र आत्मां खोज़ी। Viz kapitolaकुल्वी19 ज़ैबै ते तुसाबै ढोकणै द्यालै ता चिन्ता हेरित्त् केरदै कि आसा कि केरना होर कि ढुणना किबैकि ज़ो किछ़ तुसा ढुणना होला सौ तेसा घड़ियै तुसाबै दसिणा। Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम19 जेबा त्याह तमे ढाकणे बझयाल़णे तेबा यह फिक्र नांई करे कि हामे कासु रीति का याह कैह बोलणा, किबेकि जोह कुछ तमा बोलणाा होला, तेबा तेऊ वक्ते तमाबे खोजणा। Viz kapitola |