लुका 17:2 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान2 ज़ुंण मुंह दी विश्वास करनै आल़ै का पाप कराऊआ तेऊ लै दैणीं परमेशरा सज़ा। च़ाऐ सह मणछ इना लान्हैं ज़िहअ किल्है निं होए। तेऊ लै हणअ त इहअ ठीक कि तेऊए गल़ै बडी टोल्ह बान्हीं करै पाणअ त सह समुंदरै शोटी। Viz kapitolaकुल्वी2 अगर कोई न तुसै पाप करवा सी, ज़ुण मूँ पैंधै बशाह केरा सी ता परमेश्वरा तुसाबै सख्त सज़ा देणी, भलै सौ मांहणु होछ़ै शोहरू सांही होला, तेइरी तैंईंयैं ऐ भला सा कि एक बड़ा पौट तेई रै गौल़ा न बोनिआ, सौ समुन्द्र न शेटू लोड़ी। Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम2 जोह याह होछे में कासु एकी वै ठोकर खिलाऊंदा, तेऊवै यह भला हुंदा, कि चाकी रअ पाट तेऊरे गले लटकाऊंदा होर सह समुद्रे फैंकी दीनदा। Viz kapitola |