लुका 11:7 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान7 ता सह बोला भितरा का, ‘मुंह तंग करदअ निं लागै, ऐबै हेरअ हाम्हैं दूआर बंद करी और मेरै लान्हैं आसा मुंह संघै च़ैन्नै सुत्तै दै, हुंह निं एभै ताल्है रोटी दैंदअ खल़अ उझ़ुई सकदअ?’ Viz kapitolaकुल्वी7 होर सौ सैंघी भीतरा न बोलला, मुँभै परेशान मत केरदा, ऐबै दरवाज़ा बन्द सा, होर मेरै शोहरू मूँ सैंघै साथरै न सी। ऐबै हांऊँ उठिया तौभै किछ़ बी नी देई सकदा। Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम7 होर सह दोस्त मीतरा का उतर दिंदा, महाबे दुःख नांई दे, एवा दुआर बंद साहा, होर मेरअ शोहरू महा सेटा सुतदअ साहा, तेबा हाऊं उठी करे तावै किछे नांई देई सका दअ? Viz kapitola |