लुका 10:35 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान35 दुजै धैल़ै दैनै तेऊ सराईंए मालका लै लाज़ा पुआई करना लै च़ंदीए सिक्कै और तेखअ डाहअ तेऊ लै इहअ बोली, ‘एऊ ज़खमी मणछे करै सेऊआ टैहल, होर बी ज़ेतरअ खर्च़अ लागे; तेता दैंऊं हुंह ताल्है बापस फिरदी।’” Viz kapitolaकुल्वी35 दुज़ै रोज़ै तेई सामरियै सराय रै मालका बै दूई च़ाँदी रै सिक्कै धिनै होर बोलू, ऐईरी सेवा-टहल केरेइत् ज़ो किछ़ तेरा होर खर्च़ा होला हांऊँ तौभै वापस एज़िया देनु। Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम35 दूजे धिहाडे तखले मालका वै दुई दीनार देई करे, बोलू एउरी सेवा करे जोह थारा लागला तेऊ हाऊं इच्छी करे देलअ। Viz kapitola |