इब्रानी 11:34 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान34 तिन्नां लै दैआ त परमेशर तेभै होर बी शगती ज़ेभै तिंयां धख कमज़ोर हआ तै, जुधा दी बी निखल़ै जोधै, तिन्नैं दरल़ाऊऐ दुशमणे फौज़ी सातै-बातै। Viz kapitolaकुल्वी34 औगी री झ़ौल़ ठण्डी केरी, तलवारी री धारी न बच़ै, कमज़ोरी न शक्तिशाली निकतै, लड़ाई न वीर निकतै होर आपणै दुश्मना रै फौज़ी मारिआ भगाऐ। Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम34 आगी री झल़ा ठांडी करी; तुरारी री धारा का बची निर्बलता में सर्वशक्तिमान होई; लड़ाई में बीर निकते, बिदेशी री फऊज़ छाबनी का भगाई। Viz kapitola |