कुलुस्सी 1:10 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान10 ताकि थारअ च़ाल च़लण प्रभू जोगी होए, और तम्हैं सोभी गल्ला दी परमेशरा खुश करी सके, और तम्हां दी सोभी रंगे भलै कामों फल़ लागे, और तम्हां का परमेशरे बारै होर बी खास्सअ थोघ लागे। Viz kapitolaकुल्वी10 ताकि तुसै ऐण्ढै तैरहा बर्ताव केरा ज़ुणी सैंघै परमेश्वरा रा आदर होआ सा, होर तुसै हर तैरहै न परमेश्वर खुश केरना, कि तुसै लगातार सैभी किस्मा रै शोभलै कोम केरा, होर परमेश्वरै री पछ़ियाणा न बढ़दै रौहा। Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम10 की थारे रीति रीबाज च़ाल-चलन प्रभु रे लायक हो, होर सह सभी तरहा का खुश हो होर तमामें हर तरहा रे भले कामा रे फल़ लागे, होर तमे परमेश्वरा री पछेणा में बढ़दे रहा, Viz kapitola |