शधाणूं 26:12 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान12 “बडै परोहितै दैनी मुल्है दमिश्क नगरी रहणैं आल़ै विश्वासी कैद खानै दी बंद करनैओ हक और ज़ांऊं हुंह तिधा लै नाठअ Viz kapitolaकुल्वी12 “ऐसा धुना न ज़ैबै हांऊँ मुख्यपुरोहिता न अधिकार पाईआ दमिश्क शैहरा बै ज़ाँदा लागा ती, Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम12 एडे सावे हाँउ प्रधान याजका कअ अधिकार होर आज्ञा लईकरे दमिश्क नगरा बे नांहदअ लागअदअ। Viz kapitola |