शधाणूं 19:27 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान27 ता ऐबै निं हाम्हां सिधी एसा गल्ले डौर आथी कि म्हारअ ढबै खटणैओ धांधअ हणअ खतम। पर डौर आसा एही बी कि म्हारी महान अरतिमिस देबीए देहुरे बी निं लोगा कदर करनी। ज़हा देबी सारै एशिया लाक्कै पृथूई दी रहणैं आल़ै कई लोग पूज़ा। इहअ करै निं एऊ देहुरे बी कोई कदर हणीं।” Viz kapitolaकुल्वी27 ऐबै सिर्फ़ ऐसा गैलै री डौर नी ऑथि कि आसरा धँधा ठप्प होंणा बल्कि आसरी महान देवी अरितमिसा रा मन्दिर तुच्छ समझ़िणा ज़ुणिबै कि सारी दुनिया होर आसिया आराधना केरा सी तेसरा महत्व बी खत्म होंणा। Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम27 एताका तेबा ऐसा गला री डरअ नांई आंहदी कि हमारे एऊ धंधे में एबा प्रतिष्ठा नांहदी रंहणी, बल्कि यह महान देवी अरतिमिस रअ मंदिरे भी तुच्छ समझणअ होर जासू आसिया होर संसार पूजा तेसका महत्व भी खत्म हूंणा। Viz kapitola |