शधाणूं 17:20 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान20 तेरी ईंयां गल्ला आसा हाम्हां लै नुआहरी, हाम्हां का बी लोल़ी एसा गल्लो थोघ लागअ कि एतो कै मतलब आसा?” Viz kapitolaकुल्वी20 किबैकि तू आसाबै नौखी गैला शुणा सा, तैबै आसै ज़ाणना चाहा सी कि इन्हरा मतलब कि सा?” Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम20 किबेकी तूह अनोखी गला हामा बे शूणाऊंदा, तेबा हामे जांणना चांहदा कि एतका मतलब केह साहा। Viz kapitola |