शधाणूं 10:30 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान30 कुरनेलिस बोलअ, “एसा गल्ला हुऐ आझ़ पूरै च़ार धैल़ै कि हुंह त चिऊथै पहरै लागअ द प्राथणां करदअ। एक मणछ खल़्हुअ शेतै च़मकदै झिकल़ै बान्हीं मुंह सम्हनै। Viz kapitolaकुल्वी30 कुरनेलियुसै बोलू, एसा घड़ी च़ार रोज़ पैहलै हांऊँ आपणै घौरा न त्रीज़ै पौहरै त्राई बाज़ै प्रार्थना केरदा लागा ती कि च़मकीलै झिकड़ै लाऊआ दा एक मर्द मूँ सामनै एज़िया खड़ा हुआ, Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम30 कुरनेलियुसे बोलू, ऐसा घड़ी पुरे चार धयाडे होई, हाँऊ आपणे घरे चीहूंणे पहरे प्रार्थना करदअ लागअ थी, एक मणश चमकीले झिकड़े बानही माह सामने खडअ होऊ। Viz kapitola |