2 कुरिन्थी 10:8 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान8 किल्हैकि सह हक निं प्रभू मुल्है थारै विश्वासा कमज़ोर करना लै आथी दैनअ, पर सह आसा तम्हां पाक्कै विश्वासी बणांणा लै हाम्हां लै दैनअ द। ज़ै हुंह तेऊ हके बारै होर बी घमंड रहैऊ ता एता करै निं हुंह शर्मिंदअ हणअ। Viz kapitolaकुल्वी8 किबैकि अगर हांऊँ तेई अधिकारै रै बारै न होर भी घमण्ड रिहानु ता, ज़ो प्रभुऐ आसाबै तुसरै बशाह बै बेकार केरनै री तैंईंयैं नैंई धिना सा, पर बशाह न बढ़नै री तैंईंयैं मज़त केरनै री तैंईंयैं धिना सा, अगर हांऊँ एथा रै बारै न घमण्ड केरनु ता मूँ नी शर्मिणा। Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम8 किबेकि हाऊं अगर तेऊ अधिकारा रे बारे में होर भी घमण्ड, करे जोह प्रभु थारे बिगाड़ने बे नांई पर बणाउंणे बे हामा बे दिंना दा, तेबा बेइजत नांई हूँणा। Viz kapitola |