1 कुरिन्थी 16:6 - बाघली सराज़ी नऊंअ बधान6 पर हई सका कि तम्हां ई सेटा बी रहूं, और हिंऊंद काटूं तम्हां ई सेटा, ता तेखअ दैऐ मुंह पजैल़ी ज़ेथ बाखा लै मुंह डेऊणअ होए। Viz kapitolaकुल्वी6 पर सही सा कि तुसा हागै रुकणु होर पूरा हिऊँद महीना तुसा हागै काटणू, तैबै ज़ौखै भी मूँ जाँणा होला, तौखै जाणै री तैंईंयैं तुसै मेरी मज़त केरीत्। Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम6 पर एडा की थारे अखे रहणा चाह्न्दा की थारे अखे ही रूकू, होर शरद रीतू अखे ही काटू, तेबा जासु संगे नाहणा तेऊ तक तमे माँह पजेरे। Viz kapitola |