हिब्रू 11:26 - परमेस्वर को सच्चो वचन26 और मसीह के ताहीं निन्दित होन कै मिस्र के खजाना से बड़ो धन समझी काहैकि बाकी आँखी फल पान के घाँईं लगी रहैं। Viz kapitolaराना थारु नयाँ नियम26 मिश्रदेशको धनसम्पतिसे ख्रीष्टके ताहीं निन्दित होनके बो महिँगी सम्पति मानी। काहेकी बो अपनो इनाम पानको डगर देखन डटो रहए। Viz kapitola |