17 उ एलिय्याह को आतमा अखीन ताकत मा, पुढा-पुढा चलेत, क आजा पुरखागीन को मन ला, लेकरा-बारा मा लगा देहेत। अखीन हुकूम नही मानन वालो ला, नेक बना देहेत। अखीन पिरभु को लाई, साजरो लोकगीन ला, तैय्यार करयेत।