प्रकाशितवाक्य 21:5 - परमेस्वर को सच्चो वचन ख जाननू5 जो सिंहासन पा बठो हतो रहा, ओ ना कय्हो, “देख, मी सब कुछ नयो कर देहु हैं।” फिर ओ ना कय्हो, “लिख ला काहेकि यी वचन विस्वास योग्य अर सच हैं।” Viz kapitolaHalbi5 जोन सिंघासन थाने बसुन रये, हुन बल्लो, “दक, मय सपाय काई नवा करून देऊ आंय।” फेर हुन बल्लो, “लिकुन धर, कसनबल्लोने ऐ बचन बिश्वास चो लायक आउर सत आय।” Viz kapitola |