मत्ती 12:4 - परमेस्वर को सच्चो वचन ख जाननू4 उ परमेस्वर को घर को भीतर गयो अऊर अपनो संगी हुन को संग भेंट की रोटी हुन खाई, जिनका खानो ओखा अऊर ओखा संगी हुन ख मना हतो। भेंट कि रोटी सिरप पूजारी हुन ही ख सकत रा। Viz kapitolaHalbi4 हुन कसन माहापुरू चो घर ने गेलो, आउर भेट चो रोटीमन खादलो, जोन के खातोर ना तो हुनके आउर ना हुनचो संगवारीमन के मान्तर मात्र याजकमन के ठीक रली? Viz kapitola |