लूका 18:18 - परमेस्वर को सच्चो वचन ख जाननू18 कोई मुखिया न ओसे पुछियो, “हे अच्छो गुरू, अनन्त जीवन का अधिकारी होवन का लियो मी का करूँ?” Viz kapitolaHalbi18 कोनी सरदार हुनचो ले पचारलो, “हे बड़ीया गुरू, अमर जीवना चो हकदार होतो काजे मय काय करें दें?” Viz kapitola |