10 ने तुहुं भलाय ने कुहराय्न फरक पाड़ीन आखाम सी वारु वात जाणीन, तीनीक मान लेवु; काहाकी ईसु मसीक पछा आवणे लग पुरा-पुरा खरला ने नी-गुनाळा बणीन रहु।