मतीके लिखल सुसमाचार 14:15 - मध्य पुरविया थारू15 जब साँझ हेबे लाग्लै तब चेलासब आइबके येसुके कहल्कै, “यि ठाम बस्तीसे बहौत दुर छै आ साँझ परे लाग्लै। भिरके बिदाह कैरदिय आ उसब लग-पासके गामसबमे ज्याके आपन लेल कुछ खाइबला चिजसब किनके खेतै।” Viz kapitola |