74-75 हम तोरा सभ केँ शत्रु सभक हाथ सँ बचयबह; तोँ सभ निर्भयतापूर्बक जीवन भरि पवित्रता आ धार्मिकताक संग हमरा समक्ष हमर सेवा करबह।