21 हमे उटा बातके पुरा करैले चाहैछियै जे बात धरमशास्त्रमे लिख्ल छै, “जे आदमीसिके ओकर विषयमे कहियो नैबतैल गेलै छे, ऊसब देख्तै। आर जे आदमीसब ओकर विषयमे कहियो भी नैसुनल्कै छे, ऊसब बुझ्तै।”