रोमियो 1:29 - कुल्वी29 तैबै ते सैभ तैरहा रै अधर्म, दुष्टता, लालच, होर बैरभाव न भोरुये, डाह होर हत्या, होर झ़गड़ै, होर ठगी, होर जलन, होर चुगली लाणु आल़ै, Viz kapitolaबाघली सराज़ी नऊंअ बधान29 इहअ करै भर्हुऐ तिंयां सोभी रंगे पाप, निक्की सोठ, मांण, ज़ीद-मिश करै और कपट, हत्या, झ़गल़ै, छ़ल़, दुजे च़िज़ा आप्पू लै च़ाहणैं आल़ै और च़ुगली करनै आल़ै। Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम29 तेबा त्याहे सभी तरह रे अधर्मा रे कामा, होर दुष्टता होर लालच होर बैर-भाव संगा भरी होर डाह होर हत्या होर झगड़ होर छल होर इर्ष्या होर चुगलखोर होई, Viz kapitola |