मत्ती 5:14 - कुल्वी14 तुसै दुनियै रै प्याशै सांही सी, ज़ुण ग्राँ ढौगा पैंधै सा सौ छुपी नी सकदा। Viz kapitolaबाघली सराज़ी नऊंअ बधान14 “तम्हैं आसा संसारा लै प्रैशअ, ज़ुंण गराअं धारा प्रैंदै बस्सअ द होए, सह शुझिआ सोभी का। Viz kapitolaईनर सराजी मे नया नियम14 तमें संसारा री ज्योति साहा। जोह नगर पहाड़ा में बसुदा साहा सह गोझी नांई सकता। Viz kapitola |